फर्जी स्कूल का संचालन कर RTE की आड़ में 22.52 लाख की प्रतिपूर्ति राशि का फर्जीवाड़ा उजागर…शातिर पति- पत्नी गिरफ्तार

रायगढ़ – खरसिया पुलिस ने शिक्षा का अधिकार योजना के नाम पर हुए एक अनोखे और बड़े पैमाने के फर्जीवाड़े का पर्दाफाश करते हुए ग्राम अड़भार (जिला सक्ती) निवासी दंपती घनश्याम टंडन और उनकी पत्नी शांति टंडन को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस के अनुसार दोनों ने “मदर इंडिया कॉन्वेंट स्कूल, बड़े देवगांव” के नाम से एक फर्जी विद्यालय दर्शाकर शासन से लाखों की राशि का गबन किया। मामले का खुलासा तब हुआ जब खरसिया विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय में सहायक ग्रेड–02 खिलावन बंजारे ने थाना खरसिया में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में कहा गया कि आरोपियों ने वर्ष 2020-21 से 2024-25 तक बड़े देवगांव में विद्यालय संचालित होना दिखाया, जबकि वास्तविकता में वहां किसी भी भवन में ऐसा कोई स्कूल अस्तित्व में ही नहीं है। इसके बावजूद उन्होंने स्वयं को विद्यालय संचालक और प्रधान पाठक बताते हुए कई छात्रों के नाम प्रवेश व उपस्थिति पंजियों में दर्ज किए।
जांच में सामने आया कि आरोपियों ने जिन बच्चों को RTE योजना के तहत दाखिल दिखाया, वे वास्तव में शासकीय विद्यालय में अध्ययनरत थे। फर्जी दस्तावेजों के आधार पर दंपती ने राज्य शासन से शुल्क एवं गणवेश प्रतिपूर्ति मद में कुल 22,52,281 रुपए की राशि अपने खाते में आहरित कर ली। राशि वापस जमा करने के लिए जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा नोटिस जारी किया गया था, परंतु उन्होंने पालन नहीं किया। इसके बाद जिला शिक्षा अधिकारी के निर्देश पर थाना खरसिया में अपराध क्रमांक 607/2025 दर्ज कर दंपती को धारा 318(4) एवं 3(5) BNS के तहत गिरफ्तार किया गया। कार्रवाई एसपी दिव्यांग पटेल एवं एसडीओपी प्रभात पटेल के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी निरीक्षक राजेश जांगड़े और उनकी टीम द्वारा की गई।


