मस्तूरी से रेफर हुई प्रसूता, बिलासपुर पहुंचते ही बढ़ा दर्द… 108 के महेश्वर और सीमा की सूझबूझ ने बचाई दो जिंदगियां..

भुवनेश्वर बंजारे
बिलासपुर – आपातकालीन स्वास्थ्य सेवा 108 संजीवनी एक्सप्रेस एक गर्भवती महिला के लिए जीवनदायिनी साबित हुई। 108 एम्बुलेंस कर्मियों की तत्परता, सूझबूझ और संवेदनशीलता से एक गर्भवती महिला का एम्बुलेंस में ही सुरक्षित प्रसव कराया गया। वर्तमान में जच्चा और बच्चा दोनों स्वस्थ हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार मंगलवार को मस्तूरी ब्लॉक के ग्राम लवार निवासी हर्षा सोनवानी अपने पति मनोज के साथ प्रसव पीड़ा को लेकर मस्तूरी स्थित स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे थे। महिला की स्थिति को देखते हुए चिकित्सकों ने उन्हें बेहतर उपचार के लिए जिला अस्पताल रेफर किया। इसके बाद 108 संजीवनी एक्सप्रेस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही 108 एम्बुलेंस के पायलट महेश्वर और ईएमटी सीमा कर्ष तत्काल मस्तूरी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे। गर्भवती महिला को एम्बुलेंस में शिफ्ट कर बिलासपुर जिला अस्पताल के लिए रवाना हुए। इसी बीच बिलासपुर पहुंचते ही प्रसव पीड़ा शुरू हुई जिसके बाद आनन फानन में एंबुलेंस में ही डिलीवरी कराई गई।
हॉस्पिटल की दहलीज पर बढ़ी प्रसव पीड़ा, एम्बुलेंस में ही कराया सुरक्षित प्रसव
जिला अस्पताल परिसर पहुंचने से पहले हॉस्पिटल के ठीक सामने महिला को अचानक तेज प्रसव पीड़ा शुरू हो गई। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए ईएमटी ईएमटी सीमा कर्ष ने परिजनों की सहमति और पायलट महेश्वर के सहयोग से एम्बुलेंस में ही प्रसव कराने का निर्णय लिया। ईएमटी द्वारा सभी आवश्यक चिकित्सकीय प्रक्रियाओं के साथ सावधानियों का पालन करते हुए सुरक्षित प्रसव कराया गया। कुछ ही देर में महिला ने एक स्वस्थ शिशु को जन्म दिया।
जिला अस्पताल में कराया गया भर्ती
सुरक्षित प्रसव के बाद जच्चा एवं नवजात शिशु को बेहतर देखभाल हेतु जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां दोनों स्वस्थ बताए जा रहे हैं। परिजनों ने विपरीत परिस्थितियों में तत्परता एवं मानवता का परिचय देते हुए सुरक्षित प्रसव कराने पर 108 संजीवनी एक्सप्रेस टीम, पायलट महेश्वर और ईएमटी सीमा कर्ष का आभार व्यक्त किया



