छत्तीसगढ़ में तेजी से बढ़ेगी ठंड…26 नवम्बर से शीतलहर की चेतावनी…जारी की गई एडवायजरी

बिलासपुर – छत्तीसगढ़ में मौसम तेजी से ठंड की ओर बढ़ रहा है। भारतीय मौसम विभाग के अनुसार अगले 12 घंटों तक तापमान में कोई खास बदलाव नहीं होगा, लेकिन उसके बाद आने वाले तीन दिनों में न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज की जा सकती है। तापमान में इस गिरावट के कारण सुबह और रात के समय ठंड का प्रभाव और अधिक महसूस होगा। मौसम विभाग ने 26 से 28 नवंबर तक उत्तरी छत्तीसगढ़ के एक-दो इलाकों में शीतलहर जैसी स्थिति बनने की संभावना जताई है।

इस दौरान बर्फीली हवाओं के चलते न्यूनतम तापमान सामान्य से काफी नीचे जा सकता है। शीतलहर का असर खासकर बुजुर्गों, बच्चों और अस्थमा जैसी बीमारियों से पीड़ित लोगों पर गंभीर हो सकता है, इसलिए सतर्क रहने की सलाह दी गई है। पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश में कहीं भी वर्षा दर्ज नहीं की गई और अगले कुछ दिनों तक मौसम शुष्क रहने की ही संभावना है। तेजी से बढ़ती ठंड को देखते हुए राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) और भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने आम जनता और विभिन्न विभागों के लिए महत्वपूर्ण एडवाइजरी जारी की है।

एडवाइजरी में अनावश्यक बाहर निकलने से बचने, गर्म कपड़ों का नियमित उपयोग करने, सिर, कान, हाथ और पैर को ढंककर रखने, तथा गर्म तरल पदार्थ लेते रहने की सलाह दी गई है। अत्यधिक कंपकंपी, उंगलियों का सफेद पड़ना, सुन्नता, बोलने या सांस लेने में कठिनाई जैसे लक्षण दिखें तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करने की हिदायत दी गई है, क्योंकि ये हाइपोथर्मिया और फ्रॉस्टबाइट के संकेत हो सकते हैं। प्राधिकरण ने आग जलाते समय कमरों को हवादार रखने पर जोर दिया है, क्योंकि बंद कमरों में कोयला जलाने से घातक गैसें जमा हो सकती हैं। साथ ही किसी भी स्वास्थ्य समस्या पर तुरंत नज़दीकी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचने और बच्चों व बुजुर्गों की विशेष देखभाल करने की अपील की गई है।


